क्या आप जानते हैं बुढा केदारनाथ धाम के बारे में? नहीं तो चलिए हम आपको बताते हैं, Uttarakhand, India.

क्या आप जानते हैं बुढा केदारनाथ धाम के बारे में? नहीं तो चलिए हम आपको बताते हैं, Uttarakhand, India.

जाने बुढा केदारनाथ के बारे में आखिर कियों इसको बुढा केदार कहा जाता है और क्या है इसकी खास बात.

केदारनाथ धाम के बारे में आम तौर पर हम सभी ने सुना है और देखा भी है और प्रति वर्ष हम बाबा केदार के दर्शन के लिए यात्रा पर भी जाते हैं. लेकिन क्या आपने कभी बुढा केदार धाम के बारे में सुना है. यदि नहीं तो आपको हम बताते है की आखिर ये बुढा केदार धाम क्या है. दरसल बुढा केदार धाम टिहरी गढ़वाल के जनपथ जिले का मुख्य मंदिर है. और इसके प्रति लोगो की काफी आस्था भी है.

पुराने समय में कहा जाता था कि केदारनाथ धाम की यात्रा शुरू करने से पहले यहाँ बुढा केदार धाम के दर्शन करने श्रद्धालु आते थे. जिसके बाद बाबा केदारनाथ धाम की यात्रा शुरू करी जाती थी. और उसी के बाद यात्रा को पूर्ण सफल माना जाता था. लेकिन आजकल यह सिर्फ श्रधालु आते तो हैं लेकिन इस मन्तव्य से नहीं की इसके बाद वो बाबा केदारनाथ धाम की यात्रा शुरू करेंगे. यह मंदिर का इतिहास केदारनाथ धाम जितना पुराना है बल्कि उससे भी ज्यादा. परन्तु बुढा केदार के मंदिर के कापत बरोह माह खुले रहते हैं और प्रति वर्ष यहाँ श्रवण मॉस के महीने में कावड यात्री आते हैं और उस दौरान यहाँ मेले का आयोजन होता है.

बुढा केदार धाम की नीव आदि गुरु शंकराचार्य ने राखी थी मंदिर के अंदर पत्थर की शिला स्थापित है. जिसमें पांडवों की आकृतियां उभरी हैं. बताया जाता है कि गोत्र हत्या से मुक्ति पाने के लिए पांडव इस स्थान से स्वर्गारोहण के लिए निकलते थे तो यहां पर भगवान शिव ने पांडवों को वृद्ध व्यक्ति के रूप में दर्शन दिए थे. जिसके बाद इस स्थान का नाम बूढ़ाकेदार पड़ा. इस मंदिर के पुजारी नाथ जाति के लोग होते हैं और आज भी नाथ जाती के लोग ही इस मंदिर के पुजारी होते हैं. इसी स्थान से प्रसिद्ध धार्मिक पर्यटक स्थल सहस्रताल पहुंचा जाता है.

दो नदि बालगंगा व धर्मगंगा के मध्य यह धाम स्थित है. यहां पर दोनों नदियों का संगम भी है. पूर्व में केदारनाथ पैदल यात्रा का यह मुख्य पड़ाव हुआ करता था उस समय बूढ़ाकेदार धाम के दर्शन किए बिना केदारनाथ की यात्रा अधूरी मानी जाती थी. बूढ़ाकेदारनाथ के नाम से ही इस गांव का नाम भी बूढ़ाकेदार पड़ा जो धार्मिक दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण मन जाता है.

टिहरी जनपथ से आपको बुढा केदारनाथ धाम पहुचने के लिए लोकल बस या आम सवारी भी मिल जएगी. और आप बुढा केदारनाथ धाम की यात्रा budhaकेदार नमक गाँव से शुरू कर सकते हैं. यदि आप उत्तराखंड दर्शन के लिए निकले है. या केदारनाथ धाम के लिए निकले हैं तो इस बार वक़्त निकल कर टिहरी जनपथ के बुढा केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए ज़रूर आये. बाबा केदार नाथ आपकी यात्रा को मंगल में बनायेंगे.